क्यों दुआ क़ुबूल नहीं होती मेरी ,
क्यों निगाह फेरे रहता है तू ,
क्यों ख़ुशी दूर भागति है मुझसे,
साधें अधूरी ,क्यों अधूरी है जुस्तजू
हर वक़्त तुझे याद करती हूँ मैं ,
क्यों भूला रहता है मुझे तू ,
क्या इबादत में में है मेरी खामी ,
क्यों मुझसे गाफिल रहता है तू
कहाँ जाऊं किसकी लूँ पनाह
मैं तो हमेशा से हूँ तेरी
क्यों मेरा नहीं बन पाया है तू
जुस्तजू : पाने की ख्वाहिश ,खामी:कमी ,गाफिल : ध्यान न देना ,पनाह: शरण
क्यों निगाह फेरे रहता है तू ,
क्यों ख़ुशी दूर भागति है मुझसे,
साधें अधूरी ,क्यों अधूरी है जुस्तजू
हर वक़्त तुझे याद करती हूँ मैं ,
क्यों भूला रहता है मुझे तू ,
क्या इबादत में में है मेरी खामी ,
क्यों मुझसे गाफिल रहता है तू
कहाँ जाऊं किसकी लूँ पनाह
मैं तो हमेशा से हूँ तेरी
क्यों मेरा नहीं बन पाया है तू
जुस्तजू : पाने की ख्वाहिश ,खामी:कमी ,गाफिल : ध्यान न देना ,पनाह: शरण
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