नवोदय-------------------
हम नवयुग के नव सूर्योदय,
एक नया आरम्भ अभ्युदय,
हम बुद्धिमान हम ज्ञानवान,
समझो नहीं हमें किसलय।
कल्पना का नभ निलय,
मन विहग है हर्षित और तन्मय।
अभिलाषाओं का है आलय
अमूल्य है हमारा समय।
ज्ञान ही हमारा धन है,
ज्ञान ही प्रेरणामय।
ज्ञान का करते हैं हम,
सदा सर्वदा ही संचय।
उत्साहित सर्वदा प्रेरित,
हम निर्भीक हम हैं निर्भय।
जो चाहे वह पाएं ,जो ठाने वह कर जाएँ,
हम अविजित हम हैं अजेय!
हम नवयुग के नव सूर्योदय,
एक नया आरम्भ अभ्युदय,
हम बुद्धिमान हम ज्ञानवान,
समझो नहीं हमें किसलय।
कल्पना का नभ निलय,
मन विहग है हर्षित और तन्मय।
अभिलाषाओं का है आलय
अमूल्य है हमारा समय।
ज्ञान ही हमारा धन है,
ज्ञान ही प्रेरणामय।
ज्ञान का करते हैं हम,
सदा सर्वदा ही संचय।
उत्साहित सर्वदा प्रेरित,
हम निर्भीक हम हैं निर्भय।
जो चाहे वह पाएं ,जो ठाने वह कर जाएँ,
हम अविजित हम हैं अजेय!
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